शुक्रवार, मई 07, 2010

भजन - तूँ ही मेरे रसना

bhajan : tu hi meri rasna
by Dadu Dayal

तूँ ही मेरे रसना तू ही मेरे बैना,
तूँ ही मेरे स्रवना तूँ ही मेरे नैना ।

तूँ ही मेरे आतम कँवल मँझारी,
तूँ ही मेरे मनसा तुम्ह परिवारी ।

तूँ ही मेरे मन हीं तूँ ही मेरे सांसा,
तूँ ही मेरे सुरतैं प्राण निवासा ।

तूँ ही मेरे नख सिख सकल सरीरा,
तूँ ही मेरे जिय रे ज्यूं जल नीरा ।

तुम्ह बिन मेरे और कोर्इ नाहीं,
तूँ ही मेरी जीवनि दादू माँही...

2 टिप्‍पणियां:

जिया ( अमिता ) ने कहा…

दिल पर असर करने वाला भजन।

Neeraj Bhai ने कहा…

ध्यान से सुनें, आत्मसात करें इस भजन को सुनते हुए...
यह आप को किसी और धरातल पर ले जाएगा...
और आप खो जाएंगे...